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पैक्स कम्प्यूटराइजेशन में 30 जून तक की छूट देकर ऋण वितरण प्रारंभ करने की मांग

सार 

Barmer : जिले में किसानों को साल में एक बार खरीफ सीजन का ऋण उपलब्ध करवाने वाली सर्वाधिक ग्राम सेवा सहकारी समितियों में पैक्स कंप्यूटराइजेशन योजना के तहत Go-Live नही होने पर 210 पैक्स में ऋण वितरण किया गया प्रतिबंधित, जिससे इन पैक्स से जुड़े किसानों में व्याप्त रोष के चलते जिला मुख्यालय पर व्यवस्थापकों ने एक मीटिंग का आयोजन कर पैक्स कंप्यूटराइजेशन योजना में 30 जून तक Go-Live प्रक्रिया में छूट के साथ साख सीमा नवीनकरण के मामले को लेकर सहकारिता विभाग पंजीयक, बैंक प्रशासक व जिला कलेक्टर सहित उप रजिस्ट्रार सहकारी समितियां को दिया ज्ञापन

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जिला स्तरीय मीटिंग में उपस्थित जिलेभर की ग्राम सेवा सहकारी समितियों के व्यवस्थापक (Photo Mkm News Barmer)

विस्तार 

बाड़मेर/बालोतरा । डिजिटल डेस्क | 18 अप्रैल | जिले में फिलहाल 210 ग्राम सेवा सहकारी समितियों में “ब्याज मुक्त योजना” के तहत अल्पकालीन फसली ऋण वितरण प्रतिबंधित हैं, इस स्थिती को लेकर आज जिला मुख्यालय पर जिले की ग्राम सेवा सहकारी समितियों में कार्यरत कर्मचारियों की जिला स्तरीय मीटिंग आयोजित की गई, इस दौरान भारत सरकार की पैक्स कम्प्यूटराइजेशन प्रोजेक्ट में ओसवाल कंप्यूटर एण्ड कन्सलटेन्ट प्रा. लि. की कार्यप्रणाली के साथ साख सीमा नवीनीकरण और ERP Entry पर विस्तृत चर्चा की गई । जिसके पश्चात केंद्रीय सहकारी बैंक के प्रबंध निदेशक को ज्ञापन देकर पैक्स कम्प्यूटराइजेशन में 30 जून तक छूट देकर ऋण वितरण प्रारंभ करने की मांग उठाई गई हैं ।

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साथ ही, ज्ञापन के जरिए जिले के व्यवस्थापकों की ओर बताया गया कि वर्तमान में भारत सरकार द्वारा पैक्स कम्प्यूटराइजेशन परियोजना के लिए मैं. ओसवाल कंप्यूटर एण्ड कन्सलटेन्ट प्रा. लि. को नियुक्त कर रखा हैं, यह कंपनी अप्रशिक्षित कर्मचारियों, जिनको पैक्स कम्प्यूटराइजेशन के बारे में उचित जानकारी नहीं हैं, के माध्यम से पैक्स कम्प्यूटराइजेशन प्रोजेक्ट को पूर्ण करवाने का कार्य कर रही हैं, वही इस प्रोजेक्ट में चयनित पैक्स के व्यवस्थापक द्वारा उपलब्ध कराई गई सूचियों में भी फेरबदल किया जा रहा हैं,

इतना ही नहीं प्रत्येक शाखा में कंपनी के कर्मचारी की उपलब्धता नहीं के कारण पैक्स कम्प्यूटराइजेशन योजना में देरी होना स्वाभाविक हैं । जबकि व्यवस्थापकों द्वारा पैक्स कम्प्यूटराइजेशन में पूरा सहयोग किया जा रहा है। इस दौरान चेनाराम हुड्डा, श्रवणसिंह राठौड़, डूंगरबाना, भागीरथराम विश्नोई, हीराराम बटेर, जेठाराम भादु, खेताराम बेनीवाल सहित जिलेभर के व्यवस्थापक उपस्थित रहें ।

कम प्रोग्रेस की कोई मंशा नहीं

वही आयोजित मीटिंग में उपस्थित व्यवस्थापकों का कहना था कि पैक्स कम्प्यूटराइजेशन में कम प्रोग्रेस हो, ऐसी उनकी कोई मंशा नहीं हैं । साथ ही, पैक्स कम्प्यूटराइजेशन के दौरान ईआरपी एण्ट्री के लिए समिति की FIG आईडी पर ऋण वितरण व वसूली की रिपोर्ट Generate के अलावा सीसीबी बैंक स्तर से समिति के संचालित Account Statement excel में उपलब्ध करवाने की मांग ज्ञापन में दोहराई गई हैं, साथ ही इस वर्ष फसली ऋण साख सीमा नवीनीकरण प्रक्रिया के लिए पैक्स स्तर पर एडिट का Option भी समिति की आईडी पर Generate करने की बात रखी गई हैं । हालांकि इस वित्तीय वर्ष में केंद्रीय सहकारी बैंक बाड़मेर को खरीफ सीजन में 945 करोड़ का अल्पकालीन फसली ऋण वितरण कराने का लक्ष्य राजस्थान राज्य सहकारी बैंक (RSCB) की ओर आवंटन किया हुआ हैं ।

परिचय : प्रकाश वैष्णव एक सहकारी चिंतक, विश्लेषक, स्तंभकार और पत्रकार हैं।
​पत्रकारिता अनुभव: वे पिछले 25 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं।
​करियर की शुरुआत: उन्होंने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत सबसे पहले साप्ताहिक समाचार पत्र ‘जय सत्यपुर’ से की थी।
​अन्य सेवाएँ: इसके बाद उन्होंने ‘लोक सूचना’ एवं ‘क्षेत्र का साथी’ समाचार पत्रों में भी अपनी सेवाएँ दीं।
​वर्तमान दायित्व: वर्तमान में वे सहकारी आंदोलन को समर्पित प्रमुख हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र ‘मारवाड़ का मित्र’ और ‘MKM MEDIA’ समूह वेब पोर्टल के चीफ एडिटर के रूप में निरंतर संचालन कर रहे हैं।

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