Home | cooperative | उदयपुर संभाग | केंद्रीय सहकारी बैकों के ऋण माफी पेटे बकाया 766 करोड़ का भुगतान करें सरकार – आमेरा

केंद्रीय सहकारी बैकों के ऋण माफी पेटे बकाया 766 करोड़ का भुगतान करें सरकार – आमेरा

सार 

Udaipur :ऑल राजस्थान को-ऑपरेटिव बैंक एम्पलाइज यूनियन एवं ऑल राजस्थान को-ऑपरेटिव बैंक ऑफिसर्स एसोसिएशन की उदयपुर संभाग की आमसभा में पहलगाम के आतंकी हमले में शहीद हुए लोगों को श्रद्धांजली अर्पित करने हेतु दो मिनट का मौन रखने के उपरांत आमसभा की गई प्रारंभ

WhatsApp Image 2025 04 27 at 21.22.29
उदयपुर संभाग की यूनियन एवं एसोसिएशन की आमसभा को संबोधित करते सहकार नेता सूरजभानसिंह आमेरा (Mkm News Udaipur)

विस्तार 

उदयपुर । डिजिटल डेस्क | 27 अप्रैल | राज्य सरकार की ऋण माफी 2018 एवं 2019 की ब्याज एवज में केंद्रीय सहकारी बैकों (CCB) को देय बकाया 766 करोड़ रुपए के भुगतान की मांग आज फिर सहकार नेता सूरजभानसिंह आमेरा ने मेवाड़ दौरे के दौरान दोहराई हैं, दरअसल, उदयपुर केंद्रीय सहकारी बैंक (UCCB) के प्रधान कार्यालय में आयोजित ऑल राजस्थान को-ऑपरेटिव बैंक एम्पलाइज यूनियन एवं ऑल राजस्थान को-ऑपरेटिव बैंक ऑफिसर्स एसोसिएशन की उदयपुर संभाग की आमसभा में सहकार नेता सूरजभानसिंह आमेरा बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए ।

02 2001

उन्होने अपने संबोधन में कहा कि उदयपुर सीसीबी में 12 करोड़, बांसवाड़ा सीसीबी में 21 करोड़, डूंगरपुर सीसीबी में 7 करोड़ एवं चित्तौड़गढ़ सीसीबी में 34 करोड़ का भुगतान सरकार की ऋण माफी योजना के एवज में बकाया ब्याज के चलते इस वित्तीय वर्ष में भारतीय रिजर्व बैंक के निर्देश पर राज्य सरकार की तरफ बकाया देय राशि का शत-प्रतिशत प्रोविजन करना पड़ेगा, जिससे केन्द्रीय सहकारी बैंकों (CCB) का CRAR निर्धारित वित्तीय मानदण्ड 9 प्रतिशत के स्तर से नीचे चला जायेगा और सहकारी बैंकों की आर्थिक स्थिति कमजोर होकर अधिकांश बैंक हानि में जाने की आंशका व्यक्त कर सहकार नेता आमेरा ने कहा कि सरकार से केन्द्रीय सहकारी बैंकों की आर्थिक मजबूती व किसानों को इस वित्तीय वर्ष में केंद्रीय सहकारी बैंकों के मार्फत “ब्याज मुक्त योजना” के तहत 25000 करोड़ का फसली ऋण वितरित करने के लिए बकाया ब्याज राशि का 766 करोड़ रूपये केन्द्रीय सहकारी बैंकों को शीघ्र भुगतान जारी किया जाना चाहिए।

WhatsApp Image 2025 04 27 at 21.22.30 1
उदयपुर संभाग की यूनियन एवं एसोसिएशन की आमसभा में उपस्थित बैंक कर्मचारी एवं अधिकारी गण (Mkm News Udaipur)

इस दौरान सहकार नेता आमेरा के साथ जयपुर से अपेक्स बैंक यूनियन सर्वेश चौधरी, दिलीप सिंह जादम, विनोद कुमार मीणा तथा जयपुर सीसीबी के प्रतिनिधि हेमन्त वर्मा, मनीष गंगवाल व रिपूसदन आबूसरिया ने आमसभा में भाग लिया, उनका साफा पहनाकर एवं माल्यार्पण कर स्वागत किया गया। इस दौरान उदयपुर से प्रिंस गहलोत, गणपत सोनी, आर.एस पंवार, वैभव गौड, रमेश गोयल, मधु गोयल, बांसवाड़ा से लोकेश श्रीमाल, राहुल सक्सेना एवं चयन द्विवेदी, डूंगरपुर से दूर्ग नारायण सिंह, ओमप्रकाश गोदारा, पीयूष विश्नोई सहित समस्त बैंक कर्मचारी एवं अधिकारी गण उपस्थित रहें ।

आमसभा में चला ‘‘एक राज्य – एक सहकारी बैंक’’ का स्लोगन 

प्रतानगर स्थित उदयपुर सीसीबी प्रधान कार्यालय में आहुत आमसभा को संबोधित करते हुए सहकार नेता आमेरा ने देश में वाणिज्यिक बैंकों का समामेलन ‘‘एक राज्य – एक ग्रामीण बैंक’’ की तर्ज पर जिला केन्द्रीय सहकारी बैंकों को राज्य सहकारी बैंक में समामेलित कर टू-टीयर सहकारी बैंकिंग व्यवस्था राज्य में लागू कर ‘‘एक राज्य – एक राज्य सहकारी बैंक’’ बनाने की बात रखते हुए कहा कि टू-टीयर सहकारी बैंकिंग व्यवस्था से राज्य में एक बड़ा सहकारी बैंक होने से किसानों को सस्ती ब्याज दर पर समूचित व पर्याप्त सहकारी ऋण सुविधा के साथ राज्य का सहकारी बैंकिंग ढांचा सक्षम बनेगा ।

WhatsApp Image 2025 04 27 at 21.22.30

उन्होने बैंकों में प्रशासनिक कुशलता व आर्थिक सक्षमता के लिए रिजर्व बैंक के निर्धारित मानदण्ड नीति “फिट एंड प्रॉपर क्राइटेरिया” के तहत योग्य अधिकारी एम.डी. लगाने की आवश्यकता जताते हुए गत वर्षों की लम्बित डीपीसी सहित चालू वर्ष तक की रिक्त पदों पर डीपीसी करवाने एवं सहकारी बैंकों की स्टाफ स्ट्रैन्थ बढ़ाने, वित्त विभाग स्तर से 16वें वेतन समझौते के लम्बित मुद्दों निस्तारण कर JAIIB/CAIIB की वेतन वृद्धि का लाभ यथावत रखने की मांग दोहराई हैं । साथ ही, आमेरा ने सहकारी बैंकों में शाखाओं एवं पैक्स स्तर पर प्रभावी निरीक्षण, नियंत्रण एवं अनुशासन के लिए सीसीबी में फिल्ड कार्य के लिए ऋण पर्यवेक्षक (L.S) पदों की उपयोगिता को देखते हुए बैंक में ऋण पर्यवेक्षक पद बहाल करवाने के अलावा सहकारी बैंकों में कार्मिकों की प्रभावी स्थानांतरण नीति लागू करने तथा सहकारी बैंकों के कर्मचारियों की सामाजिक सुरक्षा के लिए पेंशन एवं RGHS चिकित्सा सुविधा लागू करने की बात रखी हैं ।

परिचय : प्रकाश वैष्णव एक सहकारी चिंतक, विश्लेषक, स्तंभकार और पत्रकार हैं।
​पत्रकारिता अनुभव: वे पिछले 25 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं।
​करियर की शुरुआत: उन्होंने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत सबसे पहले साप्ताहिक समाचार पत्र ‘जय सत्यपुर’ से की थी।
​अन्य सेवाएँ: इसके बाद उन्होंने ‘लोक सूचना’ एवं ‘क्षेत्र का साथी’ समाचार पत्रों में भी अपनी सेवाएँ दीं।
​वर्तमान दायित्व: वर्तमान में वे सहकारी आंदोलन को समर्पित प्रमुख हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र ‘मारवाड़ का मित्र’ और ‘MKM MEDIA’ समूह वेब पोर्टल के चीफ एडिटर के रूप में निरंतर संचालन कर रहे हैं।

error: Content is protected !!