Home जोधपुर केन्द्रीय सहकारी बैंकों में डीपीसी (DPC) अनियमितताओं की जांच: जांच रिपोर्ट तैयार, पर खुलासा अभी बाकी

केन्द्रीय सहकारी बैंकों में डीपीसी (DPC) अनियमितताओं की जांच: जांच रिपोर्ट तैयार, पर खुलासा अभी बाकी

सार 

जोधपुर संभाग के केंद्रीय सहकारी बैंकों में डीपीसी अनियमितताओं की जांच रिपोर्ट 22 जून 2026 को तैयार हो चुकी है, लेकिन विभाग इसे सार्वजनिक नहीं कर रहा है। मंत्री गजेन्द्रसिंह खीवंसर की शिकायत पर शुरू हुई इस जांच में तत्कालीन अतिरिक्त रजिस्ट्रार के कार्यकाल की प्रक्रिया सवालों के घेरे में है।

विस्तार 

जोधपुर। डिजिटल डेस्क। 3 जुलाई ।जोधपुर संभाग के विभिन्न जिलों में स्थित केंद्रीय सहकारी बैंकों (DCCBS) में अधिकारियो और कर्मचारियों की डीपीसी (DPC )विभागीय पदोन्नति समिति के दौरान हुई कथित अनियमितताओं का मामला गरमाता जा रहा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए विभाग ने जांच के आदेश दिए थे, जिसकी रिपोर्ट तो तैयार हो चुकी है, लेकिन अभी तक उसका खुलासा नहीं किया गया है मामले की शुरुआत #चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेन्द्रसिंह खीवंसर और अन्य विधायकों द्वारा हस्ताक्षरित एक शिकायती पत्र से हुई थी। इस पत्र में #जोधपुर संभाग के केंद्रीय सहकारी बैंकों में कर्मचारियों की डीपीसी में अनियमितताओं के गंभीर आरोप लगाए गए थे इस शिकायत के बाद सहकारिता विभाग पंजीयक कार्यालय के अतिरिक्त रजिस्ट्रार (द्वितीय), प्रधान कार्यालय, जयपुर ने मामले की तथ्यात्मक रिपोर्ट का परीक्षण किया। इसके उपरांत राजस्थान सहकारी सोसायटी अधिनियम, 2001 की धारा 55 के तहत विधिवत जांच के आदेश जारी किए गए।केन्द्रीय सहकारी बैंकों में पदोन्नति से जुड़े इस मामले में अब सबकी नजरें इस बात पर टिकी हैं कि जांच रिपोर्ट में क्या तथ्य सामने आए हैं और विभाग भविष्य में क्या कार्रवाई करता है। 

अधिनियम की धारा 55 मे जांच अधिकारी की नियुक्ति

सहकारिता विभाग अतिरिक्त रजिस्ट्रार सहकारी समितियाँ जोधपुर,देवेन्द्र अमरावत ने इस मामले की जांच के लिए रामसुख, सचिव, प्राथमिक सहकारी भूमि विकास बैंक लि., बिलाड़ा को राजस्थान सहकारी सोसायटी अधिनियम अन्तर्गत धारा 55 मे जांच अधिकारी नियुक्त किया था। जांच अधिकारी को तत्कालीन अतिरिक्त रजिस्ट्रार के कार्यकाल के दौरान हुई डीपीसी प्रक्रिया की समीक्षा करने के निर्देश दिए गए थे ​हाल ही मे सहकारी चिंतक एव पत्रकार प्रकाश वैष्णव ने इस संबंध में सूचना का अधिकार (RTI) अधिनियम 2005 के तहत इस मामले की जानकारी मांगी थी। कार्यालय अतिरिक्त रजिस्ट्रार सहकारी विभाग जोधपुर द्वारा दिए गए जवाब में यह स्पष्ट किया गया है कि जांच अधिकारी द्वारा अपनी रिपोर्ट 22 जून 2026 को ही प्रस्तुत की जा चुकी है।हालाँकि, विभाग ने अभी तक जांच रिपोर्ट को सार्वजनिक नहीं किया है। अतिरिक्त रजिस्ट्रार ने अपने जवाब में स्पष्ट कहा है कि जांच के परिणाम और अंतिम निर्देश अभी जारी नहीं किए गए हैं, इसलिए रिपोर्ट की प्रति उपलब्ध कराना फिलहाल संभव नहीं है !

प्रकाश वैष्णव 25 सालों से पत्रकारिता क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं । सर्वप्रथम साप्ताहिक समाचार पत्र जय सत्यपुर से अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत कर लोक सूचना एवं क्षेत्र का साथी समाचार पत्र में सेवा दी । उसके बाद पिछले कई सालों से मारवाड़ का मित्र हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र का संचालन निरंतर कर रहें हैं ।

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