Home जालोर चुंडा पैक्स में कस्टम हायरिंग सेंटर का शुभारंभ: अब किसानों को रियायती किराए पर मिलेंगे आधुनिक कृषि यंत्र

चुंडा पैक्स में कस्टम हायरिंग सेंटर का शुभारंभ: अब किसानों को रियायती किराए पर मिलेंगे आधुनिक कृषि यंत्र

सार

चुंडा पैक्स में कस्टम हायरिंग सेंटर के शुभारंभ से किसानों को रियायती दरों पर आधुनिक कृषि यंत्र मिलेंगे। यह पहल खेती की लागत घटाकर ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करेगी।

विस्तार

जालोर | जिला डेस्क, 15 सितंबर |राजस्थान सरकार के कृषि विभाग की महत्वाकांक्षी योजना के तहत सोमवार, को चुंडा ग्राम सेवा सहकारी समिति लिमिटेड (पैक्स) में कस्टम हायरिंग सेंटर का विधिवत शुभारंभ हुआ।​इस केंद्र के माध्यम से किसानों को बेहद उचित और रियायती किराए पर आधुनिक ट्रैक्टर एवं अन्य कृषि उपकरण उपलब्ध कराए जाएंगे, जिससे खेती की लागत घटेगी और किसानों के साथ-साथ समिति की आय में भी इजाफा होगा।​इस दौरान समिति के अध्यक्ष हनवंत सिंह ने कहा कि यह पहल ग्रामीण अंचल के छोटे और सीमांत किसानों के लिए वरदान साबित होगी, जो महंगे कृषि यंत्र खरीदने में असमर्थ हैं।इस अवसर पर संचालक मंडल सदस्य कैलाश माली मुलेवा, सहकारी समिति के व्यवस्थापक दिनेश कुमार प्रजापत, सहायक व्यवस्थापक पतराम सहित क्षेत्र के तमाम गणमान्य किसान उपस्थित थे। सभी ने इस योजना को सहकारिता के इतिहास में एक मील का पत्थर बताया।

पैक्स का स्वर्णिम अतीत और वर्तमान परिदृश्य

​त्रिस्तरीय सहकारी ढाँचे की सबसे छोटी और मजबूत इकाई पैक्स (PACS) ग्रामीण अर्थव्यवस्था की असली रीढ़ रही है। ऐतिहासिक रूप से, पैक्स ने हमेशा किसानों को साहूकारों के चंगुल से बचाकर आसान शर्तों पर खाद, बीज और अल्पकालीन ऋण उपलब्ध कराया है।समय के साथ पैक्स के स्वरूप में बड़ा बदलाव आया है। अब यह केवल ऋण वितरण तक सीमित नहीं है, बल्कि बहुउद्देशीय व्यावसायिक केंद्रों के रूप में विकसित हो रही है। चुंडा पैक्स में खुला कस्टम हायरिंग सेंटर इसी आधुनिकीकरण का जीवंत उदाहरण है। ऐसी पहलों से न केवल पैक्स आत्मनिर्भर बन रही हैं, बल्कि सहकारी  आंदोलन को भी नया आयाम मिल रहा है।

परिचय : प्रकाश वैष्णव एक सहकारी चिंतक, विश्लेषक, स्तंभकार और पत्रकार हैं।
​पत्रकारिता अनुभव: वे पिछले 25 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं।
करियर की शुरुआत: उन्होंने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत सबसे पहले साप्ताहिक समाचार पत्र ‘जय सत्यपुर’ से की थी।
​अन्य सेवाएँ: इसके बाद उन्होंने ‘लोक सूचना’ एवं ‘क्षेत्र का साथी’ समाचार पत्रों में भी अपनी सेवाएँ दीं।
​वर्तमान दायित्व: वर्तमान में वे सहकारी आंदोलन को समर्पित प्रमुख हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र ‘मारवाड़ का मित्र’ और ‘MKM MEDIA’ समूह वेब पोर्टल के चीफ एडिटर के रूप में निरंतर संचालन कर रहे हैं।

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