Home | cooperative | जयपुर | संभावनाओं को पहचान कर और अधिक बेहतर कार्य करने की आवश्यकता- निदेशक सहकारिता मंत्रालय

संभावनाओं को पहचान कर और अधिक बेहतर कार्य करने की आवश्यकता- निदेशक सहकारिता मंत्रालय

सार 

Rajasthan : सहकारिता मंत्रालय के निदेशक श्री कपिल मीना ने कहा कि राजस्थान ‘सहकार से समृद्धि’ की पहलों को क्रियान्वित करने में अच्छा प्रदर्शन कर रहा है। उन्होंने कहा कि पीएम सूर्य घर योजना के अंतर्गत सहकारी समितियों के लिए सोलर पैनल्स अनुमत हैं, उन्हें इसके लिए करवाया जाए आवेदन 

209472 HomePage 581ad9d3 aed2 42df 8652 bc5bb53c9d2b
अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता वर्ष एवं ‘सहकार से समृद्धि’ की समीक्षा बैठक (Mkm News Rajasthan)

विस्तार 

जयपुर, 11 अगस्त। राजस्थान ‘सहकार से समृद्धि’ की पहलों को क्रियान्वित करने में अच्छा प्रदर्शन कर रहा है। राजस्थान में सहकारिता से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में व्यापक संभावनाएं हैं, अत: हमें इन संभावनाओं को पहचान कर और अधिक बेहतर करने की आवश्यकता है। ऐसा सहकारिता मंत्रालय के निदेशक श्री कपिल मीना ने कहा है। दरअसल, श्री मीना सोमवार को अपेक्स बैंक सभागार में अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता वर्ष-2025 एवं ‘सहकार से समृद्धि’ के की पहलों की क्रियान्विति की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने पैक्स कम्प्यूटराइजेशन प्रोजेक्ट के बिन्दु पर चर्चा करते हुए गैप्स को दूर करने और ऑन सिस्टम ऑडिट कार्य में गति लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पैक्स को गो-लाइव करने के कार्य में तेजी लाई जाए तथा गो-लाइव और डे-एंड के बीच के अंतर को दूर किया जाए। श्री मीना ने एआरडीबी और आरसीएस कार्यालयों के कम्प्यूटराइजेशन कार्य को भी निर्धारित समय सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए।
राष्ट्रीय स्तर पर गठित तीन बहुराज्यीय सहकारी संस्थाओं की सदस्यता के बिन्दु पर चर्चा करते हुए श्री मीना ने बताया कि भारतीय बीज सहकारी समिति लि. की सदस्यता के मामले में राजस्थान राज्य देश में प्रथम स्थान पर है। उन्होंने इसके लिए अधिकारियों को बधाई दी तथा एनसीओएल एवं एसीईएल की सदस्यता भी अधिकाधिक समितियों को दिलवाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस संबंध में आ रही समस्याओं से सहकारिता मंत्रालय को अवगत करवाएं, जिससे उनका समाधान किया जा सके। श्री मीना ने एम-पैक्स गठन में लक्ष्य की तुलना में तीन गुना से भी अधिक वृद्धि के लिए भी अधिकारियों की सराहना की। साथ ही, डेयरी सहकारी समितियों एवं मत्स्य सहकारी समितियों के गठन की दिशा में अधिक प्रयास करने की आवश्यकता व्यक्त की। उन्होंने निष्क्रिय समितियों के अवसायन की प्रक्रिया में गति लाने के निर्देश दिए।
209472 Image 9671c183 5027 495e a0cc 9be8801c2a6d e1754915694969
श्री कपिल मीना, निदेशक, सहकारिता मंत्रालय  
श्री मीना ने कहा कि विश्व की वृहत् अन्न भण्डारण योजना के अंतर्गत निर्मित हो रहे गोदामों के लिए हायरिंग एश्योरेंस सुनिश्चित हो, इसके लिए एनसीसीएफ और नैफेड से समन्वय रखा जाए। निर्माणाधीन गोदामों का कार्य 30 सितम्बर तक पूरा किया जाए। साथ ही, गोदामों के रंग, डिजाइन एवं लोगो आदि में एकरूपता हो। अधिकारियों ने बताया कि अब तक वर्ष 2024-25 के अंतर्गत स्वीकृत 36 गोदामों का निर्माण कार्य पूर्ण हो चुका है तथा वर्ष 2025-26 के अंतर्गत स्वीकृत सभी गोदामों की वित्तीय स्वीकृति जारी की जा चुकी है। विगत 17 जुलाई को केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह द्वारा 24 गोदामों का लोकार्पण किया जा चुका है। अब तक 97 गोदामों के लिए हायरिंग एश्योरेंस प्राप्त हो चुकी है। बैठक में राजफेड के प्रबंध निदेशक श्री टीकम चन्द बोहरा, अतिरिक्त रजिस्ट्रार (प्रथम) श्रीमती शिल्पी पांडे, अतिरिक्त रजिस्ट्रार (मा.सं.वि.) एवं सहकार से समृद्धि के मुख्य नोडल अधिकारी श्री भोमा राम, अतिरिक्त रजिस्टार (द्वितीय) एवं अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता वर्ष के नोडल अधिकारी श्री संदीप खण्डेलवाल सहित संबंधित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
209472 Image 410763bc d7a3 4133 9089 f547e2f63741
अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता वर्ष एवं ‘सहकार से समृद्धि’ की समीक्षा बैठक लेते निदेशक, सहकारिता मंत्रालय  (Mkm News Rajasthan)

सहकारी समितियों के लिए सोलर पैनल्स अनुमत

श्री मीना ने कहा कि राज्य में अधिक से अधिक पैक्स का प्रधानमंत्री किसान समृद्धि केन्द्र के रूप में उन्नयन किया जाए। जिन व्यवस्थापकों के पास लाइसेंस प्राप्त करने हेतु डिप्लोमा नहीं है, उन्हें प्रोत्साहित कर डिप्लोमा करवाया जाए। पैक्स पर प्रधानमंत्री किसान समृद्धि केन्द्र का बोर्ड अनिवार्य रूप से लगाने हेतु निर्देश जारी किए जाएं। जिन पैक्स का कॉमन सर्विस सेंटर के रूप में उन्नयन हो चुका है, उन्हें एक्टिव किया जाए। नगरीय और उपनगरीय क्षेत्रों के पैक्स के लिए कॉमन सर्विस सेंटर के रूप में उन्नयन अनिवार्य किया जाए। उन्होंने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता वर्ष के अंतर्गत आयोजित की जा रही गतिविधियों की उपादेयता होनी चाहिए। इन गतिविधियों में प्रशिक्षण और क्षमता संवर्द्धन कार्यक्रमों को शामिल किया जाए। श्री मीना ने कहा कि पीएम सूर्य घर योजना के अंतर्गत सहकारी समितियों के लिए सोलर पैनल्स अनुमत हैं, अतरू उन्हें इसके लिए आवेदन करवाया जाए। इस दौरान अधिकारियों ने बताया कि राज्य में 41 हजार 400 से अधिक सहकारी समितियां हैं, जिनके 1.14 करोड़ से अधिक सदस्य हैं। राज्य में सहकारी समितियों की सदस्यता और अधिक बढ़ाने पर फोकस किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि राज्य में सहकारी क्षेत्र में मिलेट आउटलेट्स खोलने और बाइक राइड सेवा शुरू करने जैसे नवाचार किये गए हैं, जिनका अच्छा रिस्पॉंस देखने को मिल रहा है। श्री मीना ने इन प्रयासों की सराहना की।

परिचय : प्रकाश वैष्णव एक सहकारी चिंतक, विश्लेषक, स्तंभकार और पत्रकार हैं।
​पत्रकारिता अनुभव: वे पिछले 25 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं।
​करियर की शुरुआत: उन्होंने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत सबसे पहले साप्ताहिक समाचार पत्र ‘जय सत्यपुर’ से की थी।
​अन्य सेवाएँ: इसके बाद उन्होंने ‘लोक सूचना’ एवं ‘क्षेत्र का साथी’ समाचार पत्रों में भी अपनी सेवाएँ दीं।
​वर्तमान दायित्व: वर्तमान में वे सहकारी आंदोलन को समर्पित प्रमुख हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र ‘मारवाड़ का मित्र’ और ‘MKM MEDIA’ समूह वेब पोर्टल के चीफ एडिटर के रूप में निरंतर संचालन कर रहे हैं।

error: Content is protected !!