सार
Rajasthan : अपेक्स बैंक ने ‘राज सहकार व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा योजना’ को 2026-27 के लिए लागू किया है। इसके तहत ऋणी किसानों को मात्र ₹291 के प्रीमियम पर ₹10 लाख का बीमा कवर मिलेगा।

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जयपुर । डिजिटल डेस्क | 2 मई | राजस्थान स्टेट को-ऑपरेटिव बैंक (अपेक्स बैंक) ने किसानों के लिए ‘राज सहकार व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा योजना’ को वित्तीय वर्ष 2026-27 में भी लागू कर दिया है। बैंक के प्रबन्ध निदेशक रणजीत सिंह चुंडावत ने इस संबंध में प्रदेश के सभी केंद्रीय सहकारी बैंकों को आवश्यक निर्देश जारी किए हैं। योजना के क्रियान्वयन के लिए बैंक ने मैसर्स आदित्य बिरला हेल्थ इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड के साथ एक महत्वपूर्ण समझौता किया है, जो 31 मार्च 2027 तक प्रभावी रहेगा।
इस योजना के तहत 18 से 79 वर्ष की आयु के ऋणी किसानों को अनिवार्य रूप से बीमा सुरक्षा प्रदान की जाएगी। राज्य सरकार द्वारा शून्य प्रतिशत ब्याज दर पर ऋण प्राप्त करने वाले अल्पकालीन फसली ऋणी काश्तकारों का बीमा करना अनिवार्य होगा, जबकि अमानतदारों और स्टाफ सदस्यों के लिए यह योजना स्वैच्छिक रखी गई है। बीमित किसान को मात्र 291 रुपये (प्रीमियम 246.61 रुपये + जीएसटी 44.39 रुपये) के सालाना प्रीमियम पर 10 लाख रुपये तक का व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा कवर मिलेगा।
योजना को पारदर्शी और सुगम बनाने के लिए बीमा कंपनी एक विशेष पोर्टल तैयार करेगी, जिसके माध्यम से सिस्टम जनरेटेड पॉलिसी जारी की जाएंगी। इन पॉलिसियों में किसान का नाम, पता और क्लेम के लिए जरूरी दस्तावेजों का विवरण दर्ज होगा। किसानों के खातों से प्रीमियम की राशि कटते ही उन्हें सुरक्षा कवच उपलब्ध हो जाए, इसके लिए प्रत्येक सहकारी बैंक बीमा कंपनी को एक लाख रुपये की अग्रिम राशि जमा कराएगा।
दावा निस्तारण की सरल प्रक्रिया
दावा निस्तारण की प्रक्रिया को भी आसान बनाया गया है। दुर्घटना की स्थिति में दावा राशि का भुगतान बैंक के माध्यम से नामांकित व्यक्ति (नॉमिनी) को किया जाएगा। हालांकि, बैंक पहले यह सुनिश्चित करेगा कि मृतक सदस्य की बकाया ऋण राशि वसूल कर ली जाए, जिसके लिए शाखा स्तर पर नॉमिनी से डेबिट ऑथोरिटी ली जाएगी। क्लेम के लिए जरूरी दस्तावेज पैक्स (PACS) व्यवस्थापक के माध्यम से पोर्टल पर स्कैन कर भेजे जा सकेंगे, जिससे प्रक्रिया तेजी से पूरी हो सकेगी। इसके अतिरिक्त, किसानों की सहायता के लिए ‘डॉक्टर ऑन कॉल’ की सुविधा भी दी गई है, जहां किसान निर्धारित टोल-फ्री नंबर पर 5 कॉल तक निशुल्क परामर्श ले सकेंगे।


