Home राज्य सहकारी समितियों की साख बचाने को व्यवस्थापकों का ‘हुंकार’, ‘टैगिंग’ और ‘रोल ओवर’ के खिलाफ फूंक दिया बिगुल

सहकारी समितियों की साख बचाने को व्यवस्थापकों का ‘हुंकार’, ‘टैगिंग’ और ‘रोल ओवर’ के खिलाफ फूंक दिया बिगुल

सार 

अलवर में सहकारी कर्मचारी यूनियन ने ‘टैगिंग’ और ‘रोल ओवर’ व्यवस्था का विरोध करते हुए आंदोलन की चेतावनी दी है। व्यवस्थापकों ने नकद ऋण वितरण, ऑडिट में पारदर्शिता और रिकॉर्ड की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।

विस्तार 

​अलवर। |ङिजीटल ङेस्क 12 जुलाई |जिले में सहकारी समितियों के अस्तित्व और साख को सुरक्षित रखने के लिए व्यवस्थापकों ने बगावत का बिगुल फूंक दिया है। कटी घाटी स्थित हनुमान मंदिर परिसर में आयोजित राजस्थान बहुदेशीय सहकारी सोसाइटी कर्मचारी यूनियन की जिला इकाई की बैठक में समितियों की कार्यप्रणाली में व्याप्त विसंगतियों पर गहरा रोष जताया गया।

यूनियन के जिला अध्यक्ष एवं प्रदेश महामंत्री देवेन्द्र सैदावत की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में व्यवस्थापकों ने स्पष्ट किया कि अब वे सरकारी नीतियों की मनमानी और दबाव के आगे घुटने नहीं टेकेंगे बैठक में खाद-बीज वितरण के दौरान थोपी जा रही उर्वरक ‘टैगिंग’ व्यवस्था का कड़ा विरोध दर्ज कराया गया। देवेन्द्र सैदावत ने कड़े लहजे में चेताया कि यदि उर्वरक की अनुचित टैगिंग अविलंब बंद नहीं की गई, तो अलवर जिले की सभी समितियां श्रीगंगानगर मॉडल का अनुसरण करेंगी और रैक पॉइंट से खाद उठाने का सामूहिक बहिष्कार कर देंगी।

उन्होंने कहा कि थोपी गई इस व्यवस्था से समितियों का आर्थिक ढांचा चरमरा रहा है।बैठक में ऑडिट प्रक्रिया को लेकर भी सख्त निर्देश जारी किए गए। यूनियन ने निर्णय लिया कि अब ऑडिटर को समिति मुख्यालय पर आकर ही ऑडिट करना होगा। किसी भी परिस्थिति में समिति का मूल रिकॉर्ड बाहर ले जाने की अनुमति नहीं दी जाएगी। यदि रिकॉर्ड बाहर ले जाने के कारण कोई तकनीकी या कानूनी समस्या उत्पन्न होती है, तो इसकी व्यक्तिगत जिम्मेदारी संबंधित व्यवस्थापक की होगी।


​’रोल ओवर’ के बजाय ‘नकद’ व्यवस्था की मांग

​सहकारी ऋण वितरण में प्रचलित ‘रोल ओवर’ और ‘एडजस्टमेंट’ की प्रक्रिया को किसान विरोधी और भ्रामक बताते हुए यूनियन ने इसे जड़ से समाप्त करने की मांग की है। सैदावत ने कहा कि इन जटिल प्रक्रियाओं के चलते किसानों में असमंजस की स्थिति बनी रहती है और अंततः समितियों की साख पर प्रश्नचिह्न लगता है। यूनियन ने मांग उठाई है कि ऋण वितरण और वसूली की प्रक्रिया पूरी तरह ‘नकद’ आधारित हो। इस संबंध में जिला प्रशासन, एमडी और सहकारिता मंत्री को विस्तृत ज्ञापन सौंपकर नीतिगत बदलाव की मांग की जाएगी।

प्रकाश वैष्णव 25 सालों से पत्रकारिता क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं । सर्वप्रथम साप्ताहिक समाचार पत्र जय सत्यपुर से अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत कर लोक सूचना एवं क्षेत्र का साथी समाचार पत्र में सेवा दी । उसके बाद पिछले कई सालों से मारवाड़ का मित्र हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र का संचालन निरंतर कर रहें हैं ।

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