Home | cooperative | जयपुर | केंद्रीय सहकारी बैंकों को मिली 85 करोड़ से अधिक की ब्याज सहायता राशि

केंद्रीय सहकारी बैंकों को मिली 85 करोड़ से अधिक की ब्याज सहायता राशि

सार 

Jaipur : भारत सरकार की ब्याज सहायता योजना के तहत राजस्थान के 20 केंद्रीय सहकारी बैंकों को 85.32 करोड़ रुपये जारी किए गए हैं। इनमें सीकर सीसीबी को 11 करोड़, हनुमानगढ़ सीसीबी को 10 करोड़ की राशि जारी की गई हैं । 

02 1598 e1724136851834

विस्तार 

जयपुर । डिजिटल डेस्क | 11 मार्च | भारत सरकार की ब्याज सहायता योजना के तहत राजस्थान के केंद्रीय सहकारी बैंकों (CCBs) को 85 करोड़ 32 लाख की राशि जारी की गई है । इसके लिए राजस्थान स्टेट को-ऑपरेटिव बैंक (RSCB) के उप महाप्रबंधक (परिचालन) मनप्रीतसिंह ने एक एडवाईस जारी की है । इसके अनुसार, वर्ष 2022-23, 2023-24 एवं 2024-25 पेटे समय पर फसली ऋण का चुकारा करने वाले किसानों को देय 3 प्रतिशत ब्याज सहायता एवं फसली ऋण वितरण पर बैंकों को देय 1.50 प्रतिशत ब्याज सहायता के तहत 85 करोड़ 32 लाख की राशि जारी कर दी है। यह राशि सीधे तौर पर राज्य के विभिन्न केंद्रीय सहकारी बैंकों के चालू खातों में जमा कर दी गई है। साथ ही, सभी संबंधित केंद्रीय सहकारी बैंकों को निर्देशित किया गया है कि वे इस प्राप्त राशि को योजना के नियमों के अनुसार उचित रूप से समायोजित करें।

20 सीसीबी को 85 करोड़ की राशि मिली

राजस्थान राज्य सहकारी बैंक से प्राप्त जानकारी के मुताबिक, सीकर सीसीबी को 11 करोड़, हनुमानगढ़ सीसीबी को 10 करोड़, श्रीगंगानगर सीसीबी को 8 करोड़, बीकानेर सीसीबी को 6 करोड़, झुंझुनूं सीसीबी को 6 करोड़, कोटा सीसीबी को 6 करोड़, अजमेर सीसीबी को 5 करोड़, बूंदी सीसीबी को 5 करोड़, जैसलमेर सीसीबी को 5 करोड़, टोंक सीसीबी को 5 करोड़, भरतपुर सीसीबी को 4 करोड़, जालोर सीसीबी को 4 करोड़, बांसवाड़ा सीसीबी को 3 करोड़, नागौर सीसीबी को 1 करोड़, अलवर सीसीबी को 68 लाख, सवाई माधोपुर सीसीबी को 12 लाख, बारां सीसीबी को 11 लाख, जयपुर सीसीबी को 8 लाख, भीलवाड़ा सीसीबी को 5 लाख, उदयपुर सीसीबी को 6 लाख की राशि जारी की हैं ।

परिचय : प्रकाश वैष्णव एक सहकारी चिंतक, विश्लेषक, स्तंभकार और पत्रकार हैं।
​पत्रकारिता अनुभव: वे पिछले 25 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं।
​करियर की शुरुआत: उन्होंने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत सबसे पहले साप्ताहिक समाचार पत्र ‘जय सत्यपुर’ से की थी।
​अन्य सेवाएँ: इसके बाद उन्होंने ‘लोक सूचना’ एवं ‘क्षेत्र का साथी’ समाचार पत्रों में भी अपनी सेवाएँ दीं।
​वर्तमान दायित्व: वर्तमान में वे सहकारी आंदोलन को समर्पित प्रमुख हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र ‘मारवाड़ का मित्र’ और ‘MKM MEDIA’ समूह वेब पोर्टल के चीफ एडिटर के रूप में निरंतर संचालन कर रहे हैं।

error: Content is protected !!