Home | स्‍पेशल | समर्थन मूल्य पर खरीद29 हजार 459 किसानों को 367 करोड़ रुपए का भुगतान मूंग की 29 जनवरी एवं मूंगफली की 16 फरवरी तक खरीद रहेगी जारी किसान मूंगफली बेचान के लिए अभी भी करा सकते है पंजीयन

समर्थन मूल्य पर खरीद29 हजार 459 किसानों को 367 करोड़ रुपए का भुगतान मूंग की 29 जनवरी एवं मूंगफली की 16 फरवरी तक खरीद रहेगी जारी किसान मूंगफली बेचान के लिए अभी भी करा सकते है पंजीयन


  जयपुर, 27 जनवरी। सहकारिता मत्री श्री उदयलाल आंजना ने बुधवार को बताया कि प्रदेश में समर्थन मूल्य पर मूंग एवं मूंगफली की खरीद के पेटे 29 हजार 459 किसानों को 367.58 करोड़ रुपए का भुगतान किया जा चुका है। अब तक किसानों से 84 हजार 681 मीट्रिक टन मूंग एवं मूंगफली की खरीद की जा चुकी है।
 श्री आंजना ने बताया कि अब तक 10 हजार 888 मीट्रिक टन मूंग एवं 73 हजार 792 मीट्रिक टन मूंगफली की खरीद किसानों से की जा चुकी है। 4 हजार 812 किसानों मूंग बेचान के पेटे 64.66 करोड़ रूपए का भुगतान किया जा चुका है। जबकि मूंगफली के लिए 24 हजार 647 किसानों को 302.92 करोड़ रूपए का भुगतान ऑनलाइन किया गया है।
 सहकारिता मंत्री ने बताया कि मूंग की खरीद 1 नवंबर से तथा मूंगफली की खरीद 18 नवंबर से प्रारंभ की गई थी। भारत सरकार द्वारा दलहन-तिलहन की खरीद अवधि 90 दिन निर्धारित है। अतः मूंग की 29 जनवरी तक एवं मूंगफली की खरीद 16 फरवरी तक होगी। जिन किसानों ने मूंगफली बेचान के लिए पंजीयन नही कराया है। वे अभी भी अपना पंजीयन करा सकते है।
 श्री आंजना ने बताया कि इस सीजन में उड़द एवं सोयाबीन के भाव इनके समर्थन मूल्य क्रमशः 6 हजार एवं 3880 रूपए प्रति क्विंटल से अधिक होने के कारण किसानों द्वारा समर्थन मूल्य योजना में पंजीयन कराने के उपरान्त ही उड़द एवं सोयाबीन का विक्रय नही किया गया है। उन्होंने बताया कि अच्छी गुणवत्ता वाले मूंग के बाजार भाव मूंग के समर्थन मूल्य 7196 रूपए प्रति क्विंटल से अधिक होने के कारण किसानों द्वारा अपना मूंग समर्थन मूल्य दर से ऊंची दरों पर बाजार में विक्रय किया गया है। 

परिचय : प्रकाश वैष्णव एक सहकारी चिंतक, विश्लेषक, स्तंभकार और पत्रकार हैं।
​पत्रकारिता अनुभव: वे पिछले 25 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं।
​करियर की शुरुआत: उन्होंने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत सबसे पहले साप्ताहिक समाचार पत्र ‘जय सत्यपुर’ से की थी।
​अन्य सेवाएँ: इसके बाद उन्होंने ‘लोक सूचना’ एवं ‘क्षेत्र का साथी’ समाचार पत्रों में भी अपनी सेवाएँ दीं।
​वर्तमान दायित्व: वर्तमान में वे सहकारी आंदोलन को समर्पित प्रमुख हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र ‘मारवाड़ का मित्र’ और ‘MKM MEDIA’ समूह वेब पोर्टल के चीफ एडिटर के रूप में निरंतर संचालन कर रहे हैं।

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