सार
Jaipur : लंबित मांगों और समझौतों की अनदेखी के विरोध में राजस्थान सहकारी कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति ने 17 फरवरी 2026 को जयपुर में बैठक बुलाई है। इसमें आगामी रणनीति और एकजुटता पर चर्चा होगी।

विस्तार
जयपुर । डिजिटल डेस्क । 15 फरवरी । राजस्थान सहकारी कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति (RCEJSC) जयपुर के आह्वान पर 17 फरवरी 2026 को जयपुर में एक बैठक आयोजित की जाएगी। यह निर्णय विभाग द्वारा ग्राम सेवा सहकारी समितियों (Pacs) कर्मचारियों की लंबे समय से लंबित मांगों पर कोई ठोस कदम न उठाने और केवल कागजी खानापूर्ति करने के विरोध में लिया गया है। संघर्ष समिति का आरोप है कि पूर्व में हुए समझौतों की अनुपालना करने के बजाय केवल खोखले आश्वासन दिए जा रहे हैं, जिससे प्रदेशभर के पैक्स कर्मचारियों में भारी आक्रोश व्याप्त है। इस बैठक में प्रदेश के सभी संगठनों के प्रदेश अध्यक्ष, प्रदेश महामंत्री और समस्त जिला अध्यक्षों को अनिवार्य रूप से आमंत्रित किया गया है। बैठक का मुख्य उद्देश्य कर्मचारियों में पनपे भ्रम को दूर करना और समस्याओं के त्वरित निस्तारण हेतु आगामी रणनीति तैयार करना है। संघर्ष समिति ने सभी पदाधिकारियों से एकजुट होकर जयपुर पहुंचने की अपील की है ।
संसदीय मंत्री को भी सौंपा मांग-पत्र
जोधपुर जिला पैक्स कर्मचारी यूनियन ने कल संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल को पत्र सौंपकर बताया कि वे ग्राम सेवा सहकारी समितियां के स्तर पर ऋण वितरण, फसल बीमा और खाद-बीज जैसी महत्वपूर्ण सरकारी योजनाओं का क्रियान्वयन कर रहे हैं, फिर भी वे आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं। जिला यूनियन के पदाधिकारियों का कहना है कि सरकार और शासन सचिव सहकारिता विभाग के स्तर पर उनके लिए कैडर ड्राफ्ट तैयार हो चुका था, जिसे बजट में घोषित किया जाना था, लेकिन मांग अधूरी रही । अब जिले के पैक्स कर्मचारियों ने मांग की है कि व्यवस्थापक, सहायक व्यवस्थापक और सेल्समैन को कनिष्ठ लिपिक का वेतनमान देकर उन्हें राज्य कर्मचारी का दर्जा दिया जाए।


