
जयपुर, 15 मार्च। जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री डॉ. महेश जोशी ने बुधवार को विधानसभा में आश्वस्त किया कि एफआर कलस्टर वृहद पेयजल परियोजना के कार्य समय सीमा में पूरा कर जालोर जिले के संबंधित गांवों को लाभान्वित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि परियोजना की क्रियान्विति के लिए पुनः निविदा आमंत्रित करने की कार्रवाई प्रक्रियाधीन है। उन्होंने बताया कि इस संबंध में वित्त विभाग को प्रस्ताव भेजा जा चुका है।
डॉ. जोशी ने प्रश्नकाल के दौरान इस संबंध में सदस्य द्वारा पूछे गये पूरक प्रश्नों का जवाब देते हुए कहा कि एफ आर कलस्टर परियोजना के लिए वर्ष 2020 तथा वर्ष 2021 की बीएसआर पर टेंडर किये गए थे। उन्होंने बताया कि वित्त विभाग द्वारा इन दरों को अधिक बताने के कारण विभाग द्वारा टेंडरों को निरस्त किया गया। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार द्वारा जेजेएम के टेंडरों को 2022 की बीएसआर से अनुमत करने के लिए भी आग्रह किया गया था, जिसे स्वीकार नहीं किया गया। वित्त विभाग को भी इस संबंध में प्रस्ताव भेजा गया है। उन्होंने कहा कि अनुमत दरों के आधार पर पुनः निविदा जारी कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि निविदा जारी करने की एक निश्चित प्रक्रिया होती है। विभाग द्वारा नियमानुसार निविदा जारी की गई थी। उन्होंने कहा कि यदि इसमें किसी प्रकार की अनियमितता की शिकायत होगी, तो उसकी जांच कराई जाएगी।
इससे पहले जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री ने विधायक श्री जोगेश्वर गर्ग के मूल प्रश्न के लिखित जवाब में कहा कि वर्ष 2011 की जनगणनानुसार विधान सभा क्षेत्र जालोर में 102 गांव अवस्थित हैं। जल जीवन मिशन योजना अन्तर्गत इन 102 गावों में से 72 गांवों हेतु वृहद पेयजल परियोजना नर्मदा नहर आधारित एफआर कलस्टर व 21 गांवों हेतु वृहद पेयजल परियोजना नर्मदा नहर आधारित ईआर कलस्टर एवं 9 गांवो हेतु 8 अन्य पेयजल योजनाओं की स्वीकृति राज्य स्तरीय योजना स्वीकृति समिति (एस.एल.एस.एस.सी) की विभिन्न बैठकों द्वारा जारी की जा चुक है।
उन्होंने बताया कि विधान सभा क्षेत्र जालोर के 72 गांवों को सम्मिलित करते हुए जालोर जिले के 277 गांवों एवं इनकी ढाणियों को जल जीवन मिशन योजना अन्तर्गत हर घर नल कनेक्शन से लाभान्वित करने हेतु नर्मदा नहर आधारित एफआर कलस्टर वृहद पेयजल परियोजना की स्वीकृति राज्य स्तरीय योजना स्वीकृति समिति (एस.एल.एस.एस.सी) की 9 नवम्बर 2021 को हुई 29वीं बैठक द्वारा रूपये 535.88 करोड़ की राशि जारी की जा चुकी है व तकनीकी स्वीकृति विभागीय तकनीकी समिति की 27 मई 2022 को हुई 721वीं बैठक द्वारा एवं पुन: संशोधित तकनीकी स्वीकृति विभागीय तकनीकी समिति की 29 जुलाई 2022 को हई 725 वीं बैठक द्वारा 434.66 करोड़ रूपये की राशि जारी की गयी है।
उन्होंने बताया कि परियोजना क्रियान्वयन हेतु 10 जुलाई 2022 को निविदा आमंत्रित की गई थी, जिसे वित्त विभाग द्वारा 2 जनवरी 2023 को जारी निर्देशों के क्रम में वित्त समिति की 18 जनवरी 2023 को हुई 834 वीं बैठक के द्वारा पत्रित कर दिया गया। वर्तमान में परियोजना की क्रियान्विति हेतु पुनः निविदा आमंत्रित करने की कार्यवाही प्रकियाधीन है।
जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री ने बताया कि विधान सभा क्षेत्र जालोर के 21 गांवों को सम्मिलित करते हुए जालोर जिले के 306 गांवों एवं इनकी ढाणियों को जल जीवन मिशन योजना अन्तर्गत हर घर नल कनेक्शन से लाभान्वित करने हेतु नर्मदा नहर आधारित ईआर कलस्टर वृहद पेयजल परियोजना की स्वीकृति राज्य स्तरीय योजना स्वीकृति समिति (एस.एल.एस.एस.सी) की 28वीं बैठक दिनांक 8 अक्टूबर 2021 द्वारा राशि 927.20 करोड रूपये की जारी की जा चुकी है एवं तकनीकी स्वीकृति विभागीय तकनीकी समिति की 716वीं बैठक दिनांक 28 जनवरी 2022 द्वारा राशि 766.30 करोड़ रूपये की जारी की गयी है। उन्होंने बताया कि परियोजना का कार्यादेश 3 जून 2022 को राशि रू. 833.49 करोड रूपये का मै0 जीवीपीआर इन्जीनियर्स लिमिटेड, हैदराबाद के पक्ष में जारी किया गया।
डां. जोशी ने बताया कि कार्यादेश के अनुसार कार्य प्रारम्भ तिथि 13 जून 2022 एवं कार्य पूर्ण करने की निर्धारित तिथि 12 मार्च 2024 है। इस परियोजना के अन्तर्गत जालोर जिले के 306 गांवों एवं इनकी ढाणियों में कुल 113251 नल कनेक्शन जारी किये जाने प्रस्तावित है। उन्होंने बताया कि प्रोरेटा अनुसार वांछित 27 प्रतिशत प्रगति के विरूद्ध फर्म द्वरा अभी तक 15 प्रतिशत कार्य पूर्ण किया गया है एवं अभी तक किसी भी गांव एवं ढाणी को इसके माध्यम से लाभान्वित नहीं किया गया है। डां. जोशी ने बताया कि फर्म द्वारा कार्य धीमी गति से करने के कारण राशि रूपये 1.44 करोड़ की शास्ति के रूप में रोकी गयी है।
उन्होंने कहा कि उक्त वृहद पेयजल परियोजनाओं से शेष रहे 9 गांवो हेतु 8 अन्य पेयजल योजनाएं राज्य स्तरीय योजना स्वीकृति समिति (एस.एल.एस.एस.सी) की 20वीं बैठक दिनांक 11 फरवरी 2021 द्वारा कुल राशि 1179.04 लाख रूपये की जारी की गई है। इन योजनाओं में से 5 योजनाओं के कार्य पूर्ण किए जाकर 6 ग्रामों को लाभान्वित किया जा चुका है। शेष 3 योजनाओं के कार्य प्रगतिरत है, जिन्हें दिनांक 31 मार्च 2023 तक पूर्ण किया जाना संभावित है। उन्होंने बताया कि 10 परियोजनाओं व योजनाओं के अन्तर्गत विधान सभा क्षेत्र जालौर में कुल राशि 268.70 करोड़ रूपये का व्यय होना अनुमानित है।


