Home राज्य सहकारी समितियों की ऑडिट से बढ़ती दूरी

सहकारी समितियों की ऑडिट से बढ़ती दूरी

14 सहकारी समितियों की नहीं हो रहीं हैं ऑडिट

वर्तमान में जिले की रणोदर ग्राम सेवा सहकारी समिति की वर्ष 2009-10 और धमाणा ग्राम सेवा सहकारी समिति की वर्ष 2016-17 से वही, बालवाड़ा, कुड़ा, गांग, मोदरान, वेडिया, वाड़ा भाडवी, आलासन, गुड़ा बालोतान, शंखवाली, थूर, राजीकावास, आजोदर सहकारी समितियों की वर्ष 2017 से लेकर 2021 तक ऑडिट नहीं हो पाई है।

वर्ष 2009 से नहीं हुई रणोदर ग्राम सेवा सहकारी समिति की ऑडिट

जालोर । डिजिटल डेस्क I 21 जुलाई I जिले में संचालित ग्राम सेवा सहकारी समितियों की वार्षिक ऑडिट से दूरी समझ से परे हैं। वित्तीय वर्ष 2020-21 समाप्त हुए कई दिन गुजर चुके हैं, लेकिन अधिकांश समितियों ने 2017-18 की ऑडिट रिपोर्ट अभी तक विशेष लेखा परिक्षक सहकारी समितियां जालोर कार्यालय में जमा नहीं करवाई हैं। ऐसे में उनकी ओर से वर्ष भर में किए गए कार्यो का आकलन भी नहीं हो पा रहा है। राजस्थान सहकारी सोसायटी अधिनियम 2001 के तहत जिले में 196 ऑडिट योग्य सहकारी समितियां पंजीकृत हैं।
रजिस्ट्रार सहकारी समितियां जयपुर के मई 2013 परिपत्र के अनुसार पंजीकृत संस्था का संचालन मण्डल आम सभा में प्रस्ताव लेकर उसकी ऑडिट करवा सकता हैं। इसकी एक रिपोर्ट उन्हें प्रतिवर्ष विभाग में जमा करवानी होती है। हालांकि हकीकत में स्थिति इसके उलट है। जिले की अधिकांश ग्राम सेवा सहकारी समितियां इसका पालन ही नहीं करती। खास बात यह है कि जिम्मेदार विभाग के अधिकारी ऑडिट नहीं देने वाली समितियों के खिलाफ कार्रवाई के नाम पर मात्र नोटिस ही जारी कर सकते हैं।

प्रकाश वैष्णव 25 सालों से पत्रकारिता क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं । सर्वप्रथम साप्ताहिक समाचार पत्र जय सत्यपुर से अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत कर लोक सूचना एवं क्षेत्र का साथी समाचार पत्र में सेवा दी । उसके बाद पिछले कई सालों से मारवाड़ का मित्र हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र का संचालन निरंतर कर रहें हैं ।

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