Home | cooperative | जयपुर | राज्य में 1000 नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों का हुआ गठन

राज्य में 1000 नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों का हुआ गठन

  • 3 लाख से अधिक नए सदस्य ग्राम सेवा सहकारी समितियों से जुड़े
  • सभी ग्राम पंचायत मुख्यालयों पर नई ग्राम सेवा सहकारी समितियां बनेगी
sahkar bhawan 5427791 835x547 m 300x197
फाइल फोटो 

जयपुर, 16 जून। रजिस्ट्रार सहकारिता श्री मुक्तानंद अग्रवाल ने कहा कि राज्य में सभी ग्राम पंचायतों के मुख्यालयों पर नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों का गठन तेजी से किया जा रहा है। वर्तमान सरकार के कार्यकाल में 1 हजार से अधिक नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों का गठन किया जा चुका है और इससे राज्य में लगभग 7300 ग्राम सेवा सहकारी समितियां हो गई है। उन्होंने कहा कि नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों के गठन से 3 लाख से अधिक नए सदस्य इन सहकारी समितियों से जोड़े जा चुके है। वर्ष 2022-23 में अब तक 154 नई पैक्स/लेम्पस का गठन किया जा चुका है।

पैक्स विहीन ग्राम पंचायत पर नई पैक्स/लेम्पस का गठन करे

श्री अग्रवाल गुरूवार को सभी जिला उप रजिस्ट्रारों को नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों के गठन के निर्धारित लक्ष्य की पूर्ति के संबंध में वीसी के माध्यम से संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की बजट घोषणा के अनुसार नई पैक्स/लेम्पस के गठन की प्रक्रिया में तेजी लाए। बजट घोषणा के अनुरूप लक्ष्य की प्राप्ति करे तथा पैक्स विहीन ग्राम पंचायत पर नई पैक्स/लेम्पस का गठन करे।
रजिस्ट्रार ने कहा कि राज्य सरकार ने नई पैक्स/लेम्पस के गठन को आसान बनाने के लिए निर्धारित मापदंडों को भी परिवर्तित किया है। पूर्व में जहां नई पैक्स के गठन के लिए हिस्सा राशि 5 लाख रूपये एवं न्यूनतम सदस्य संख्या 500 थी, उसे घटाकर हिस्सा राशि को 3 लाख रूपये एवं सदस्य संख्या को 300 किया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा है कि गांव का किसान ग्राम सेवा सहकारी समितियों से जुड़े और ब्याज मुक्त फसली ऋण के साथ-साथ खाद, बीज, कीटनाशक सहित अन्य सुविधाओं का भी उसके घर के समीप ही लाभ मिल सके ताकि उसे खेती कार्यों में आसानी हो।

ब्याज मुक्त फसली ऋण का लक्ष्य 20 हजार करोड़ रूपये किया गया 

श्री अग्रवाल ने कहा कि वर्ष 2021-22 में किसानों को 18 हजार 500 करोड़ रूपये का ब्याज मुक्त फसली ऋण वितरण का लक्ष्य था। चूंकि नई पैक्स/लेम्पस के गठन से नए किसानों को भी ब्याज मुक्त फसली ऋण का लाभ मिल सके। इसके लिए बजट घोषणा वर्ष 2022-23 में इसे बढ़ाकर 20 हजार करोड़ रूपये किया गया है। उन्होंने निर्देश दिए कि नई ग्राम सेवा सहकारी समितियों के गठन की प्रक्रिया को शीघ्र पूरा करे ताकि ब्याज मुक्त फसली ऋण से वंचित किसान भी इसके दायरे में आ सके।

जून माह तक के लक्ष्य पूरा करने के निर्देश दिए

रजिस्ट्रार ने जिलावार नई पैक्स/लेम्पस के गठन को पूरा करने के लक्ष्य के बारे में उप रजिस्ट्रारों से चर्चा की एवं जून माह तक के लक्ष्य पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने अतिरिक्त खंडीय रजिस्ट्रारों को भी निर्देश दिए कि संभाग के जिलों की लक्ष्यवार समीक्षा करे एवं जिलों का दौरा कर नई पैक्स/लेम्पस के गठन की प्रक्रिया में आ रही समस्याओं को दूर करे। वीसी के दौरान अतिरिक्त रजिस्ट्रार प्रथम श्री राजीव लोचन शर्मा, सभी जिला उप रजिस्ट्रार, सभी खंडीय रजिस्ट्रार एवं संबंधित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।

परिचय : प्रकाश वैष्णव एक सहकारी चिंतक, विश्लेषक, स्तंभकार और पत्रकार हैं।
​पत्रकारिता अनुभव: वे पिछले 25 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं।
​करियर की शुरुआत: उन्होंने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत सबसे पहले साप्ताहिक समाचार पत्र ‘जय सत्यपुर’ से की थी।
​अन्य सेवाएँ: इसके बाद उन्होंने ‘लोक सूचना’ एवं ‘क्षेत्र का साथी’ समाचार पत्रों में भी अपनी सेवाएँ दीं।
​वर्तमान दायित्व: वर्तमान में वे सहकारी आंदोलन को समर्पित प्रमुख हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र ‘मारवाड़ का मित्र’ और ‘MKM MEDIA’ समूह वेब पोर्टल के चीफ एडिटर के रूप में निरंतर संचालन कर रहे हैं।

error: Content is protected !!